Tum Kya jaano
तुम क्या जानो हौसलों के हूनर को , चल समुन्द्र में नाव चला के देखते हैं . हुस्न के बाज़ार में कुछ तो तेरा मोल होगा , चल आज दूकान लगा कर देखते हैं . सुनते हैं आशिया बिखर जाती हैं किनारों पर , चल किनारों पर मकां बना कर देखते हैं . तुम्हे आँखों के हूनर का इल्म कहाँ हैं , चल एक बार आँख मिला कर देखते हैं . प्यार की दौलत को खर्च करना हैं अब , चल एक बार दिल लगा कर देखते हैं . गुमान कि तुम सबसे ज्यादा प्यार करती हैं , चल एक बार माँ से मिल कर देखते हैं . हवाओ में उड़ने वाले सड़क का दर्द क्या जाने , चल एक बार सडक पर उतर कर देखते हैं . जो अनाथ होते हैं कहाँ कोई सहारा होता हैं , चल आज किसी की हाथ थाम कर देखते हैं . एक जो नेता बना कुबेर चाकरी करने लगते हैं , चल हम भी चुनाव लड़ कर देखते हैं .